Rasiya [part 138]
आधा दिन तो ठीक से बीत गया , शिल्पा ने घड़ी में समय देखा,अभी डेढ़ बज रहा था ,उसने अपने क़दम तेजी से घर की ओर बढ़ा दिए। जब तक स्कूल म…
आधा दिन तो ठीक से बीत गया , शिल्पा ने घड़ी में समय देखा,अभी डेढ़ बज रहा था ,उसने अपने क़दम तेजी से घर की ओर बढ़ा दिए। जब तक स्कूल म…
महल के एक कक्ष में ,सभी बड़े और कुछ अतिथिजन के मध्य वार्तालाप चल रहा है और तब ये बात सामने आती है।' रूद्र प्रताप सिंह' तो…
अपनों से ही बहुत उम्मीदें लगाईं। चाहा, कोइ तो खड़ा हो, साथ मेरे ! समझे, मुझको ! मेरे जज़्बातों को , हौसला दे !अपने हाथों में था…
केशवदास जी, घर पर भोजन करने के लिए आए थे। उन्होंने अपने तीनों बेटों को बुलाया और उनसे कहा - तुम प्रेम के बड़े भाई हो , क्या तुम…
भानुशिला हवेली का दूसरा वारिस यानि कि भानू प्रताप सिंह भी अपने बड़े भाई के विवाह में शामिल था। वो उस समय वहीँ पर उपस्थित था। जब ए…
चतुर अपनी वाकपटुता से ,अपने आस -पास से ही, उन भाभियों को अपने स्कूल के कम बज़ट के हिसाब से ही पढ़ी -लिखी उन महिलाओं को अपने स्कूल…
आज ,'मोहिनी' और 'रूद्र प्रताप सिंह 'का विवाह है ,मोहिनी अपने सपनों के राजकुमार, अपने प्रेमी की प्रतीक्षा में है।…
सूरज पश्चिम की ओर जाते हुए, अंधियारे, गलियारों में कहीं खो चुका है , किन्तु रायगढ़ की हवेली ''भानुशिला '' सैकड़ों…