Jina chahti hun
ए ज़िंदगी !''मैं ''ख़ुश रहना चाहती हूं। 'मैं 'अपने लिए भी, जीना चाहती हूं। ग़ैर तो क्या ?दर्द दिया न कभी, …
ए ज़िंदगी !''मैं ''ख़ुश रहना चाहती हूं। 'मैं 'अपने लिए भी, जीना चाहती हूं। ग़ैर तो क्या ?दर्द दिया न कभी, …
अपने आप को जानना चाहती हूं। महक उठे तन मन ख़ुशियों का वो मंजर चाहती हूँ। तेरी पलकों का मोती बन,जीना चाहती हूँ। तेरे दिल में तू…
मोहिनी ,रूद्र और भानु अपनी जाँच को आगे बढ़ाते हुए ,आगे बढ़ ही रहे थे। तब उन्हें एक विद्यालय के दस्तावेज़ मिलते हैं। जहाँ उन्हें …
रत्न प्रताप ने वापस आकर उन्हें जो तस्वीर दिखाई ,उसमें उस तीसरे बच्चे का नाम 'आर्यन' था जो उसे राजवीर ने दिया था। उस तस्व…
आज दीपक ,प्रतीक को सम्पूर्ण सच्चाई से अवगत करा देता है ,कि वो पहले से ही नंदिनी से प्यार करता था। परिस्थिति वश अब नंदिनी के क़रीब…
मोहिनी ,अपने पालक पिता से जानना चाहती है ,उसके साथ कौन सा बच्चा हवेली पर लाया गया था ?और अब वो कहाँ है ?आपने उसे ऐसे ही किसी के …
आज दीपक ने अपनी सच्चाई अपने ही दोस्त प्रतीक को बताई ,जिसे सुनकर प्रतीक अचम्भित रह गया। प्रतीक को न जाने कैसे अंदेशा हो गया था ? …
एक रात्रि, विवाह की तैयारी के मध्य नंदिनी का, दीपक को फोन आया और नंदिनी ने, दीपक से बताया - मैंने उसे देखा है। तुमने, किसे द…